चीन के लिए सहिष्णुता का मात्रात्मक पात्र अब डोकलाम के बाद गलवान में उत्प्लावित होने लगा है। अब भारत को विदेश नीति, कूटनीति, रणनीति और समरनीति में जयिष्णुता का संधान करना होगा, ताकि मां भारती के मुकुट के किरीट पर कोई वक्रदृष्टि का साहस न कर सके।
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